सीतापुर में महमूदाबाद में किसानों की लगातार मिल रही शिकायतों की पुष्टि तब हुई जब गुरुवार को कृषि उत्पादन मंडी समिति महमूदाबाद पहुंचीं विधायक आशा मौर्य को गेट पर लगा धर्मकांटा पूरी तरह बंद मिला। मौके पर चल रही अव्यवस्थाओं को देखकर विधायक भड़क उठीं और तत्क्षण जिम्मेदार अधिकारियों को तलब कर लिया।
विधायक ने कहा कि किसान महीनों से तौल न होने की शिकायत कर रहे हैं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई, जिससे उन्हें निजी कांटों पर जाकर अतिरिक्त पैसा खर्च करना पड़ रहा है।
निरीक्षण के दौरान मंडी गेट पर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की लंबी कतार लगी थी, जिससे जाम की स्थिति बन रही थी। विधायक ने मंडी सचिव ऋषभ जैन से स्पष्ट जवाब मांगा और व्यवस्थाओं पर कड़ी नाराजगी जाहिर की। इसी बीच डीएम के निर्देश पर एसडीएम बाल कृष्ण सिंह और सीओ वेद प्रकाश भी मौके पर पहुंचे। अब नाराजगी चरम पर थी—विधायक ने आरोप लगाया कि “यहां सुबह से 12 किसानों की तौल दिखा दी गई है, जबकि जमीन पर एक भी किसान मौजूद नहीं है, यह खुला फर्जीवाड़ा है।”
इसके बाद विधायक ने अपनी निगरानी में ही धर्मकांटा चालू कराया और मौके पर खड़े किसान संदीप (बजेहरा) की ट्रॉली की तौल कराई। निरीक्षण के बाद उन्होंने डीएम को फोन कर पूरे प्रकरण की शिकायत की और लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई की संस्तुति की।
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इधर, किसानों ने बताया कि महीनों से कांटा बंद होने के कारण उन्हें महंगी निजी तौल पर निर्भर रहना पड़ता है। सड़क पर लगी ट्रॉलियों के कारण घंटों जाम लगता है, जिससे स्कूली बच्चों, मरीजों और राहगीरों को भारी परेशानी उठानी पड़ती है।
मंडी में अव्यवस्था, फर्जी तौल और जाम की समस्या को देखते हुए प्रशासन अब पूरे मामले की जांच में जुट गया है। किसानों को उम्मीद है कि कार्रवाई के बाद स्थिति सुधरेगी और मंडी में पारदर्शी तौल व्यवस्था बहाल होगी।
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